छाल। क्षेत्र के लिए गर्व का क्षण तब आया जब समाजसेवी एवं पर्यावरण प्रेमी डॉ. अनुराग सिंह ठाकुर को वीरों की भूमि राजस्थान के उदयपुर में आयोजित भव्य समारोह में भारत विभूषण राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह प्रतिष्ठित सम्मान उन्हें समाज सेवा और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रदान किया गया। देशभर से लगभग 50 चयनित प्रतिभाओं में उनका नाम शामिल होना पूरे क्षेत्र के लिए सम्मान की बात है।

डॉ. ठाकुर पिछले कई वर्षों से पर्यावरण संरक्षण को लेकर लगातार सक्रिय हैं। अब तक वे 5000 से अधिक पौधों का रोपण कर चुके हैं और लोगों को प्रकृति के प्रति जागरूक करने के लिए निरंतर अभियान चला रहे हैं। उनकी इस मुहिम ने क्षेत्र में एक सकारात्मक बदलाव लाने के साथ-साथ अन्य लोगों को भी प्रेरित किया है।
विशेष रूप से कांसाबहार मार्ग पर बनाए गए ऑक्सीजन ज़ोन ने उनकी पहल को एक नई पहचान दी है। इस क्षेत्र में करीब 1000 से 1200 पौधों का रोपण किया गया है, जो लगभग 2 से 3 एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है। यह ऑक्सीजन ज़ोन न केवल पर्यावरण को शुद्ध करने में सहायक है, बल्कि आने वाले समय में क्षेत्रवासियों के लिए एक हरित धरोहर भी बनेगा।
सम्मान प्राप्त करने के बाद डॉ. ठाकुर ने भावुक अपील करते हुए कहा कि
“प्रकृति के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ न करें और पर्यावरण को सुरक्षित रखने में अपनी जिम्मेदारी निभाएं।”
उन्होंने विशेष रूप से जंगलों में आग न लगाने, पेड़ों की सुरक्षा करने और अधिक से अधिक पौधारोपण करने का आग्रह किया।
उन्होंने कहा कि यदि आज हम प्रकृति की रक्षा करेंगे, तो आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सकेगा। जल, जंगल और जमीन का संतुलन बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है।
डॉ. ठाकुर की इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है। लोगों द्वारा उनकी इस पहल की सराहना की जा रही है और इसे एक प्रेरणादायक उदाहरण के रूप में देखा जा रहा है।
📢 संदेश (जन-जागरूकता):
👉 आइए, हम सभी मिलकर अधिक से अधिक पौधे लगाएं
👉 जंगलों को आग से बचाएं
👉 पेड़ों की सुरक्षा करें और प्रकृति को हरा-भरा बनाए रखें
👉 यही हमारे और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य की कुंजी है 🌱
